भगवान् की प्रतिज्ञा

भगवान् की प्रतिज्ञा
मुझे मददगार बनाकर तो देख, तुझे सबकी गुलामी से न छुडा दूँ तो कहना|
मेरे लिए कड़वे वचन सुनकर तो देख, तेरे लिए कृपा न बरसे तो कहना|
मेरे चरित्रों की मनन करके तो देख, ज्ञान के मोती तुझमे न भर दू तो कहना|
मेरे लिए कुछ बनकर तो देख, तुझे कीमती न बना दूँ तो कहना|
स्वयं को न्योछावर करके तो देख, तुझे मशहूर न कर दूँ तो कहना|
मेरी बात लोगो से कर के तो देख, तुझे मूल्यवान न बना दूँ तो कहना|
मेरे लिए आंसु भा कर तो देख, तेरे जीवन में अमृत न बहा दूँ तो कहना|
मेरा एक बार ध्यान लगा कर तो देख, तेरा ध्यान ना रखूं तो कहना|
मेरे लिए मार्ग पर निकल कर तो देख, तुझे शांतिदूत न बना दूँ तो कहना|
मेरे लिए खर्च करके तो देख, कुबेर के भंडार न खोल दूँ तो कहना|
मेरा भजन - कीर्तन कर के तो देख, जगत की विस्मरण न करा दूँ तो कहना|
मेरे एक बार बन के तो देख, हर एक को तेरा न बना दूँ तो कहना||
*******************************************
SHREE MOTHI MATA MANDIR PRISHAD
|